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दंड प्रक्रिया संहिता, 1973

दंड प्रक्रिया संहिता, 1973/अध्याय 10/164 / 534

142जांच के लंबित रहने तक व्यादेश

अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, PDF पृष्ठ 42स्रोत

(1) यदि धारा 133 के अधीन आदेश देने वाला मजिस्ट्रेट यह समझता है कि जनता को आसन्न खतरे या गंभीर किस्म की हानि का निवारण करने के लिए तुरंत उपाय किए जाने चाहिए तो वह, उस व्यक्ति को, जिसके विरुद्ध आदेश दिया गया था, ऐसा व्यादेश देगा जैसा उस खतरे या हानि को, मामले का अवधारण होने तक, दूर या निवारित करने के लिए अपेक्षित है।

(2) यदि ऐसे व्यादेश के तत्काल पालन में उस व्यक्ति द्वारा व्यतिक्रम किया जाता है तो मजिस्ट्रेट स्वयं ऐसे साधनों का उपयोग कर सकता है या करवा सकता है जो वह उस खतरे को दूर करने या हानि का निवारण करने के लिए ठीक समझे ।

(3) मजिस्ट्रेट द्वारा इस धारा के अधीन सद्भावपूर्वक की गई किसी बात के बारे में कोई वाद न होगा ।

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