भारतीय न्याय संहिता, 2023/अध्याय 7/156 / 358
156लोक सेवक का स्वेच्छया राजकैदी या युद्धकैदी को निकल भागने देना
अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, राजपत्र पृष्ठ 76स्रोत
पुराना कानून
भारतीय दंड संहिता, 1860
आईपीसी से मिलान जल्दजो कोई, लोक सेवक होते हुए और किसी राजकैदी या युद्धकैदी को अभिरक्षा में रखते हुए, स्वेच्छया ऐसे कैदी को किसी ऐसे स्थान से, जिसमें ऐसा कैदी परिरुद्ध है, निकल भागने देता है, वह आजीवन कारावास से या दोनों में से किसी भांति के कारावास से, जिसकी अवधि दस वर्ष तक की हो सकेगी, दंडित किया जाएगा और जुर्माने का भी दायी होगा ।
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