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दंड प्रक्रिया संहिता, 1973

दंड प्रक्रिया संहिता, 1973/अध्याय 34/503 / 534

453अभियुक्त के पास मिले धन का निर्दोष क्रेता को संदाय

अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, PDF पृष्ठ 130स्रोत

जब कोई व्यक्ति किसी अपराध के लिए, जिसके अन्तर्गत चोरी या चुराई हुई सम्पत्ति को प्राप्त करना है अथवा जो चोरी या चुराई हुई सम्पत्ति प्राप्त करने की कोटि में आता है, दोषसिद्ध किया जाता है और यह साबित कर दिया जाता है किसी अन्य व्यक्ति ने चुराई हुई सम्पत्ति को, यह जाने बिना या अपने पास यह विश्वास करने का कारण हुए बिना कि वह चुराई हुई है, उससे क्रय किया है और सिद्धदोष व्यक्ति की गिरफ्तारी पर उसके कब्जे में से कोई धन निकाला गया था तब न्यायालय ऐसे क्रेता के आवेदन पर और चुराई हुई सम्पत्ति पर कब्जे के हकदार व्यक्ति को उस सम्पत्ति के वापस कर दिए जाने पर आदेश दे सकता है कि ऐसे क्रेता द्वारा दिए गए मूल्य से अनधिक राशि ऐसे धन में उसे परिदत्त की जाए।

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