दंड प्रक्रिया संहिता, 1973/अध्याय 2/13 / 534
13विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट
अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, PDF पृष्ठ 5–6स्रोत
(1) यदि केंद्रीय या राज्य सरकार उच्च न्यायालय से ऐसा करने के लिए अनुरोध करती है तो उच्च न्यायालय किसी व्यक्ति को जो सरकार के अधीन कोई पद धारण करता है या जिसने कोई पद धारण किया है, “[किसी स्थानीय क्षेत्र में, जो महानगर क्षेत्र नहीं है, विशेष मामलों या विशेष वर्ग के मामलों के संबंध में] द्वितीय वर्ग न्यायिक मजिस्ट्रेट को इस संहिता द्वारा या उसके अधीन प्रदत्त या प्रदत्त की जा सकने वाली सभी या कोई शक्तियां प्रदत्त कर सकता है :
परंतु ऐसी कोई शक्ति किसी व्यक्ति को प्रदान नहीं की जाएगी जब तक उसके पास विधिक मामलों के संबंध में ऐसी अर्हता या अनुभव नहीं है जो उच्च न्यायालय, नियमों द्वारा विनिर्दिष्ट करे ।
(2) ऐसे मजिस्ट्रेट विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट कहलाएंगे और एक समय में एक वर्ष से अनधिक की इतनी अवधि के लिए नियुक्त किए जाएंगे जितनी उच्च न्यायालय, साधारण या विशेष आदेश द्वारा निर्दिष्ट करे ।
[(3) उच्च न्यायालय किसी विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट को अपनी स्थानीय अधिकारिता के बाहर के किसी महानगर क्षेत्र के संबंध में महानगर मजिस्ट्रेट की शक्तियों का प्रयोग करने के लिए सशक्त कर सकता है ।]
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- 1978 के अधिनियम सं० 45 की धारा 4 द्वारा कतिपय शब्दों के स्थान पर प्रतिस्थापित ।
- 1978 के अधिनियम सं० 45 की धारा 4 द्वारा अन्तःस्थापित ।
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