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दंड प्रक्रिया संहिता, 1973

दंड प्रक्रिया संहिता, 1973/अध्याय 2/18 / 534

18विशेष महानगर मजिस्ट्रेट

अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, PDF पृष्ठ 6स्रोत

(1) यदि केंद्रीय या राज्य सरकार उच्च न्यायालय से ऐसा करने के लिए अनुरोध करती है तो उच्च न्यायालय किसी व्यक्ति को जो सरकार के अधीन कोई पद धारण करता है या जिसने कोई पद धारण किया है, अपनी स्थानीय अधिकारिता के भीतर किसी महानगर क्षेत्र में विशेष मामलों के या विशेष वर्ग के मामलों के “*** संबंध में महानगर मजिस्ट्रेट को इस संहिता द्वारा या उसके अधीन प्रदत्त या प्रदत्त की जा सकने वाली सभी या कोई शक्तियां प्रदत्त कर सकता है :

परंतु ऐसी कोई शक्ति किसी व्यक्ति को प्रदान नहीं की जाएगी जब तक उसके पास विधिक मामलों के संबंध में ऐसी अर्हता या अनुभव नहीं है जो उच्च न्यायालय, नियमों द्वारा विनिर्दिष्ट करे ।

(2) ऐसे मजिस्ट्रेट विशेष महानगर मजिस्ट्रेट कहलाएंगे और एक समय में एक वर्ष से अनधिक की इतनी अवधि के लिए नियुक्त किए जाएंगे जितनी उच्च न्यायालय, साधारण या विशेष आदेश द्वारा, निर्दिष्ट करे ।

[(3) यथास्थिति, उच्च न्यायालय या राज्य सरकार किसी महानगर मजिस्ट्रेट को, महानगर क्षेत्र के बाहर किसी स्थानीय क्षेत्र में प्रथम वर्ग के न्यायिक मजिस्ट्रेट की शक्तियों का प्रयोग करने के लिए सशक्त कर सकती है ।]

संशोधन टिप्पणियां

  1. 1978 के अधिनियम सं० 45 की धारा 6 द्वारा “साधारणतया मामलों के” शब्दों का लोप किया गया ।
  2. 1978 के अधिनियम सं० 45 की धारा 6 द्वारा उपधारा (3) के स्थान पर प्रतिस्थापित ।

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