दंड प्रक्रिया संहिता, 1973/अध्याय 2/20 / 534
20कार्यपालक मजिस्ट्रेट
अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, PDF पृष्ठ 7स्रोत
(1) राज्य सरकार प्रत्येक जिले और प्रत्येक महानगर क्षेत्र में उतने व्यक्तियों को, जितने वह उचित समझे, कार्यपालक मजिस्ट्रेट नियुक्त कर सकती है और उनमें से एक को जिला मजिस्ट्रेट नियुक्त करेगी ।
(2) राज्य सरकार किसी कार्यपालक मजिस्ट्रेट को अपर जिला मजिस्ट्रेट नियुक्त कर सकेगी, और ऐसे मजिस्ट्रेट को इस संहिता के अधीन या तत्समय प्रवृत्त किसी अन्य विधि के अधीन जिला मजिस्ट्रेट की [वे] शक्तियां होंगी, “[जो राज्य सरकार निर्दिष्ट करे] ।
(3) जब कभी किसी जिला मजिस्ट्रेट के पद की रिक्ति के परिणामस्वरूप कोई अधिकारी उस जिले के कार्यपालक प्रशासन के लिए अस्थायी रूप से उत्तरवर्ती होता है तो ऐसा अधिकारी, राज्य सरकार द्वारा आदेश दिए जाने तक, क्रमशः उन सभी शक्तियों का प्रयोग और कर्तव्यों का पालन करेगा जो उस संहिता द्वारा जिला मजिस्ट्रेट को प्रदत्त या उस पर अधिरोपित हों ।
(4) राज्य सरकार आवश्यकतानुसार किसी कार्यपालक मजिस्ट्रेट को उपखंड का भारसाधक बना सकती है और उसको भारसाधन से मुक्त कर सकती है और इस प्रकार किसी उपखंड का भारसाधक बनाया गया मजिस्ट्रेट उपखंड मजिस्ट्रेट कहलाएगा ।
[(4क) राज्य सरकार, साधारण या विशेष आदेश द्वारा और ऐसे नियंत्रण और निदेशों के अधीन रहते हुए, जो वह अधिरोपित करना ठीक समझे, उपधारा (4) के अधीन अपनी शक्तियां, जिला मजिस्ट्रेट को प्रत्यायोजित कर सकेगी ।]
(5) इस धारा की कोई बात तत्समय प्रवृत्त किसी विधि के अधीन, महानगर क्षेत्र के संबंध में कार्यपालक मजिस्ट्रेट की सब शक्तियां या उनमें से कोई शक्ति पुलिस आयुक्त को प्रदत्त करने से राज्य सरकार को प्रवारित नहीं करेगी ।
संशोधन टिप्पणियां
- 1978 के अधिनियम सं० 45 की धारा 7 द्वारा “सब या कोई” के स्थान पर प्रतिस्थापित ।
- 1978 के अधिनियम सं० 45 की धारा 7 द्वारा अंतःस्थापित ।
- 2005 के अधिनियम सं० 25 की धारा 2 द्वारा अंतःस्थापित ।
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