भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023/अध्याय 5/40 / 531
40प्राइवेट व्यक्ति द्वारा गिरफ्तारी और ऐसी गिरफ्तारी पर प्रक्रिया
अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, राजपत्र पृष्ठ 174–175स्रोत
(1) कोई प्राइवेट व्यक्ति किसी ऐसे व्यक्ति को, जो उसकी उपस्थिति में अजमानतीय और संज्ञेय अपराध करता है, या किसी उद्घोषित अपराधी को गिरफ्तार कर सकता है या गिरफ्तार करवा सकता है और ऐसे गिरफ्तार किए गए व्यक्ति को अनावश्यक विलंब के बिना, छह घंटे के भीतर, पुलिस अधिकारी के हवाले कर देगा या हवाले करवा देगा या पुलिस अधिकारी की अनुपस्थिति में ऐसे व्यक्ति को अभिरक्षा में निकटतम पुलिस थाने ले जाएगा या भिजवाएगा ।
(2) यदि यह विश्वास करने का कारण है कि ऐसा व्यक्ति धारा 35 की उपधारा (1) के उपबंधों के अधीन आता है तो पुलिस अधिकारी उसे अभिरक्षा में ले लेगा ।
(3) यदि यह विश्वास करने का कारण है कि उसने असंज्ञेय अपराध किया है और वह पुलिस अधिकारी की मांग पर अपना नाम और निवास बताने से इंकार करता है, या ऐसा नाम या निवास बताता है, जिसके बारे में ऐसे अधिकारी को यह विश्वास करने का कारण है कि वह मिथ्या है, तो उसके विषय में धारा 39 के उपबंधों के अधीन कार्यवाही की जाएगी ; किंतु यदि यह विश्वास करने का कोई पर्याप्त कारण नहीं है कि उसने कोई अपराध किया है तो वह तुरंत छोड़ दिया जाएगा ।
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