भारतीय दंड संहिता, 1860/अध्याय 18/542 / 570
489क्षति कारित करने के आशय से सम्पत्ति-चिह्न को बिगाड़ना
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यह धारा बदल दी गई है
भारतीय न्याय संहिता, 2023 · 1 जुलाई 2024 से लागू
1 जुलाई 2024 से पहले किए गए अपराधों का दंड, और उनका अन्वेषण या कार्यवाही, इसी पुरानी संहिता के अनुसार होते हैं, मानो इसका निरसन नहीं हुआ (बीएनएस धारा 358)।
जो कोई किसी सम्पत्ति-चिह्न को, यह आशय रखते हुए, या यह सम्भाव्य जानते हुए कि वह तद्द्वारा किसी व्यक्ति को क्षति करे, किसी सम्पत्ति-चिह्न को अपसारित करेगा, नष्ट करेगा, विरूपित करेगा या उसमें कुछ जोड़ेगा, वह दोनों में से किसी भांति के कारावास से, जिसकी अवधि एक वर्ष तक की हो सकेगी, या जुर्माने से, या दोनों से, दण्डित किया जाएगा ।]
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- 1899 के अधिनियम सं० 12 की धारा 2 द्वारा जोड़ा गया ।
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