भारतीय न्याय संहिता, 2023/अध्याय 5/89 / 358
89महिला की सम्मति के बिना गर्भपात कारित करना
अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, राजपत्र पृष्ठ 49स्रोत
पुराना कानून
भारतीय दंड संहिता, 1860
आईपीसी से मिलान जल्दजो कोई, महिला की सम्मति के बिना, चाहे वह महिला स्पन्दनगर्भा हो या नहीं, धारा 88 के अधीन अपराध कारित करता है, वह आजीवन कारावास से, या दोनों में से किसी भांति के कारावास से, जिसकी अवधि दस वर्ष तक की हो सकेगी, दण्डित किया जाएगा, और जुर्माने का भी दायी होगा ।
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