भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023/द्वितीय अनुसूची/12 / 58
प्ररूप 12संदिग्ध निक्षेप-स्थान की तलाशी के लिए वारंट
अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, राजपत्र पृष्ठ 425स्रोत
पुराना प्ररूप
दंड प्रक्रिया संहिता, 1973
(धारा 97 देखिए)
प्रेषिती—
…… (कांस्टेबल की पंक्ति से ऊपर की पंक्ति के पुलिस अधिकारी का नाम और पदनाम)
मेरे समक्ष यह सूचना दी गई है और उस पर की गई सम्यक् जांच के पश्चात् मुझे यह विश्वास हो गया है कि……(गृह या अन्य स्थान का वर्णन कीजिए) का चुराई हुई सम्पत्ति के निक्षेप (या विक्रय) (या यदि धारा में अभिव्यक्त किए गए अन्य प्रयोजनों में से किसी के लिए उपयोग में लाया जाता है तो धारा के शब्दों में उस प्रयोजन को लिखिए) के लिए स्थान के रूप में उपयोग किया जाता है ;
इसलिए आपको प्राधिकृत किया जाता है और आपसे अपेक्षा की जाती है कि आप उक्त गृह (या अन्य स्थान) में ऐसी सहायता के साथ प्रवेश करें, जैसी अपेक्षित हो, और यदि आवश्यक है तो उस प्रयोजन के लिए उचित बल का प्रयोग करें और उक्त गृह (या अन्य स्थान) के प्रत्येक भाग (या यदि तलाशी किसी भाग तक ही सीमित रहती है तो उस भाग को स्पष्टतया विनिर्दिष्ट कीजिए) की तलाशी लें और किसी संपत्ति (या यथास्थिति दस्तावेजों या स्टाम्पों या मुद्राओं या सिक्कों या अश्लील वस्तुओं) को (जब मामले में ऐसा अपेक्षित हो तो जोड़िए) और किन्हीं उपकरणों और सामग्रियों को भी जिनके बारे में आपको उचित रूप से विश्वास हो सके कि वे (यथास्थिति) कूटरचित दस्तावेजों या कूटकृत स्टाम्पों, मिथ्या मुद्राओं या कूटकृत सिक्कों या कूटकृत करेंसी नोटों के विनिर्माण के लिए रखी गई हैं, अभिगृहीत करें और अपने कब्जे में लें और उक्त चीजों में से अपने कब्जे में ली गई चीजों को तत्काल इस न्यायालय के समक्ष लाएं और इस वारंट के अधीन जो कुछ आपने किया उसे पृष्ठांकन द्वारा प्रमाणित करते हुए इसे, इसका निष्पादित हो जाने पर, अविलम्ब लौटा दें ।
तारीख ……
(न्यायालय की मुद्रा)(हस्ताक्षर)
यह वेबसाइट केवल जानकारी के लिए है, कानूनी सलाह नहीं। किसी भी अंतर की स्थिति में भारत के राजपत्र में प्रकाशित आधिकारिक पाठ ही मान्य होगा।