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भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023

भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023/द्वितीय अनुसूची/35 / 58

प्ररूप 35यदि कारावास या जुर्माने का दंडादेश न्यायालय द्वारा दिया गया है तो उस पर सुपुर्दगी का वारंट

अभी सत्यापित नहींआधिकारिक PDF, राजपत्र पृष्ठ 450स्रोत

पुराना प्ररूप

दंड प्रक्रिया संहिता, 1973

(धाराएं 258, 271, 278 देखिए)

प्रेषिती—

……(स्थान) की कारागार का भारसाधक अधिकारी

20……के कलेण्डर के मामले संख्यांक……में कैदी (या यस्थास्थिति पहले, दूसरे, तीसरे कैदी)……(कैदी का नाम)……को मेरे द्वारा ……(नाम और शासकीय पदाभिधान) भारतीय न्याय संहिता की (या……अधिनियम की) धारा (या धाराओं)……के अधीन……(अपराधों का संक्षेप में वर्णन कीजिए) के अपराध के लिए दोषसिद्ध किया गया और……(दंड पूर्णतया और स्पष्टतया लिखिए) के लिए तारीख……को दंडादिष्ट किया गया ।

इसलिए आपको प्राधिकृत किया जाता है और आपसे अपेक्षा की जाती है कि आप उक्त……(कैदी का नाम) को उक्त कारागार में अपनी अभिरक्षा में इस वारंट के सहित लेकर पूर्वोक्त दंड को विधि के अनुसार निष्पादित करें ।

तारीख ……

(न्यायालय की मुद्रा)(हस्ताक्षर)

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